अमेरिका में पहली बार गूंजेगी पण्डोखर सरकार के त्रिकालदर्शी दिव्य दरबार की आध्यात्मिक गूंज
24 अक्टूबर से अमेरिका में आयोजन की पहल, भारतीय संस्कृति और सनातन परंपरा को वैश्विक मंच देने का प्रयास
दतिया। भारतीय संस्कृति, सनातन परंपरा और आध्यात्मिक चेतना को वैश्विक मंच तक पहुंचाने की दिशा में पण्डोखर सरकार धाम एक नई पहल करने जा रहा है। पण्डोखर धाम पीठाधीश्वर श्री गुरुशरण जी महाराज के सान्निध्य में आगामी 24 अक्टूबर से अमेरिका में त्रिकालदर्शी दिव्य दरबार के आयोजन की पहल की जा रही है।
पण्डोखर धाम के संस्थापक एवं ट्रस्ट सचिव मुकेश कुमार गुप्ता (सागर) ने बताया कि अमेरिका में होने वाला यह आयोजन विदेशों में रह रहे भारतीय मूल के श्रद्धालुओं को अपनी सनातन संस्कृति, धार्मिक परंपराओं और आध्यात्मिक विरासत से जोड़ने का महत्वपूर्ण माध्यम बनेगा।
उन्होंने कहा कि पण्डोखर धाम का उद्देश्य भारत की प्राचीन ऋषि-मुनि परंपरा, सनातन धर्म के आध्यात्मिक ज्ञान और भारतीय संस्कारों को देश की सीमाओं से बाहर वैश्विक स्तर तक पहुंचाना है। विदेशों में जन्मी और पली-बढ़ी भारतीय नई पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जोड़ना आज महत्वपूर्ण आवश्यकता है।
मुकेश गुप्ता ने कहा कि अमेरिका में त्रिकालदर्शी दिव्य दरबार का आयोजन केवल आध्यात्मिक कार्यक्रम नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति और सनातन परंपरा को विश्व पटल पर पहुंचाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने बताया कि सत्संग और आध्यात्मिक मार्गदर्शन के माध्यम से श्रद्धालुओं को जीवन में धैर्य, संयम, सदाचार, सेवा और सकारात्मक सोच अपनाने की प्रेरणा मिलती है।
उन्होंने आयोजन से जुड़े श्रद्धालुओं, आयोजकों और सनातन संस्कृति के प्रचार-प्रसार में जुटे धर्मप्रेमियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि पण्डोखर सरकार धाम की यह आध्यात्मिक यात्रा आने वाले समय में दुनिया के अन्य देशों तक भी भारतीय संस्कृति और सनातन परंपरा का संदेश पहुंचाने का माध्यम बनेगी।

